मध्यप्रदेश पंचायतीराज चुनाव को लेकर सुप्रीम कोर्ट पूरी हुई में सुनवाई, कोर्ट ने दिया आदेश

मध्यप्रदेश में होने वाले पंचायती राज चुनाव को लेकर सुप्रीम कोर्ट में मंगलवार से जारी सुनवाई बुधवार को पूरी हुई। इसके बाद कोर्ट ने चुनाव को लेकर मध्यप्रदेश हाईकोर्ट को तत्काल सुनवाई कर निर्णय देने का आदेश दिया।

मध्यप्रदेश पंचायतीराज चुनाव को लेकर सुप्रीम कोर्ट पूरी हुई में सुनवाई,  कोर्ट ने दिया आदेश

भोपाल/रतलाम। मध्यप्रदेश में होने वाले पंचायती राज चुनाव को लेकर सुप्रीम कोर्ट में मंगलवार से जारी सुनवाई बुधवार को पूरी हुई। सूत्रों के मुताबिक  इसके बाद कोर्ट ने चुनाव को लेकर मध्यप्रदेश हाईकोर्ट को तत्काल  सुनवाई कर निर्णय देने का आदेश दिया। 
अब मध्यप्रदेश हाईकोर्ट गुरूवार को सुनवाई करेगी। 
सूत्रों के मुताबिक  आरक्षण प्रक्रिया को लेकर लगाई गई याचिका पर देश का सर्वोच्च न्यायालय में  बुधवार को सुनवाई करते हुए जस्टिस खानविलकर ने कहा कि प्रदेश की हाईकोर्ट मामले मे तुरंत निर्णय ले। अब गेंद फिर से हाईकोर्ट के पाले में आ गई है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा हाईकोर्ट में चुनाव नोटिफिकेशन को चैलेंज करें, कल कांग्रेस जबलपुर हाईकोर्ट में पुनः याचिका दायर करेगी | 
   अब गुरूवार को ही तय होगा की मध्यप्रदेश में त्रिस्तरीय पंचायतीराज चुनाव होगें या टल जाएगें। 
कांग्रेस की ओर से पंचायती राज प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष और रतलाम जिला पंचायत के पूर्व उपाध्यक्ष डीपी धाकड़  सहित अन्य लोगो ने भी याचिका दायर की है। याचिका दायर  में कहा गया है कि सरकार ने 2019-20 में पंचायत चुनाव का आरक्षण निर्धारित कर दिया था। इसकी अधिसूचना भी जारी हो गई थी। पंरतु एकाएक 21 नवंबर को जारी की गई नई अधिसूचना में पुरानी अधिसूचना को निरस्त किए बिना सरकार ने, आगामी पंचायत चुनाव को 2014 के आरक्षण रोस्टर के आधार पर कराने की घोषणा की है। ऐसे में निर्वाचन घोषित होते ही प्रदेश के कुछ नेताओं ने प्रक्रिया पर आपत्ति लेते हुए न्यायालय की शरण ली है।

15 दिसंबर सुबह 10.30 सुनवाई हुई शुरू 
मुख्य याचिताकतार्ओं  में रतलाम के कांग्रेस नेता डीपी धाकड़ सहित 3-4 अन्य याचिताकर्ता भी शामिल हैं।याचिकाकतार्ओं की ओर से देश के ख्यात वकीलों में शामिल कांग्रेस नेता  विवेक तन्खा  ने सुप्रीम कोर्ट में   केस पैरवी की ।  सरकार द्वारा रोटेशन के आधार पर आरक्षण ना करने के खिलाफ दायर रिट पिटिशन में आज सुप्रीम कोर्ट मे सुनवाई हुई । 15 दिसंबर सुबह 10.30  बजे से सूनवाई शुरू हुईदोपहर तक बहस के बाद  कोर्ट ने निर्णय देते हुए हाईकोर्ट को सुनवाई करने के आदेश दिए।